शनिवार, 11 अगस्त 2012

अच्छा है हॉकी राष्ट्रीय खेल नहीं...

लंदन ओलंपिक में जिस तरह से भारतीय दल प्रदर्शन कर रहा है, और हॉकी की जो हालत हुई है, उससे तो अब इस बात पर गर्व होने लगा है कि भारत का राष्ट्रीय खेल हॉकी नहीं है, किसी जमाने में हॉकी की हमारी तूती बोलती है, और खिलाड़ियों की स्टिक के कमाल की वजह से हॉकी को राष्ट्रीय खेल कहा जाने लगा था..लेकिन अब सरकार ने खुलासा कर दिया है कि हॉकी राष्ट्रीय खेल नहीं है, पहले ये जान कर बहुत ही धक्का लगा था..लेकिन लंदन में जिस तरह से खिलाड़ियों से अपने जौहर का कमाल दिखाया है, उससे तो अब इस बात की खुशी हो रही है, औऱ इस बात से भी संतोष है कि हमारा कोई राष्ट्रीय खेल है ही नहीं, तो खेलों में हम मेडल की उम्मीद क्यों करे.

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें